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उत्‍तर प्रदेश: योगी पेश करेंगे तीसरा बजट, चुनाव से पहले बड़ी सौगातों की उम्‍मीद

2022-09-30 07:08:05 Dandong

उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीददेश के सात शहरों में 1.74 लाख मकानों का काम ठप: रिपोर्ट******देश के सात शहरों में 1.74 लाख मकानों का काम ठप: रिपोर्ट संपत्ति सलाहकार कंपनी एनारॉक के अनुसार देश के सात शहरों में 1.4 लाख करोड़ रुपये की 1.74 लाख इकाइयों का काम पूरी तरह ठप हैं। इसमें से 66 प्रतिशत मकान दिल्ली-एनसीआर में हैं। एनारॉक ने कहा कि उसने अपने अनुसंधान में उन्हीं आवासीय परियोजनाओं को शामिल किया है जो 2014 में या उसके बाद शुरू हुई है। उसने कहा कि देशभर के सात शहरों में ठप और लंबित इकाइयों की संख्या 6,28,630 हैं जिनकी कीमत 5,05,415 करोड़ रुपये है। ये इकाईयां दिल्ली-एनसीआर, मुंबई महानगर क्षेत्र (एमएमआर), पुणे, बेंगलुरु, हैदराबाद, चेन्नई और कोलकाता में हैं।एनारॉक के निदेशक और प्रमुख (अनुसंधान) प्रशांत ठाकुर ने कहा, "वर्ष 2021 की पहली छमाई तक लगभग 6.29 लाख ऐसी इकाइयां हैं, जिन्हें शीर्ष-सात शहरों में पूरा किया जाना बाकी है। सात शीर्ष शहरों में पूरी तरह से ठप 1.74 लाख घरों की कुल कीमत वर्तमान में 1,40,613 करोड़ रुपये से अधिक है।" उसने बताया कि शहरों के इस हिसाब से दिल्ली-एनसीआर बाजार में सबसे अधिक 1,13,860 इकाइयां ठप हैं। जो सात शहरों की कुल इकाइयों का 66 प्रतिशत है। वही मुंबई में 41,730 इकाई, पुणे में 9,990 इकाई, बेंगलुरु में 3,870 इकाई और हैदराबाद में 4,150 इकाइयां ठप हैं। चेन्नई में इसी तरह की कोई भी इकाई नहीं हैं।

उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदबैंकों को मिलेगी 14,500 करोड़ रुपये की ऑक्सीजन? चौथी तिमाही में फैसला करेगा वित्त मंत्रालय******Finance Ministry to decide 14500 crore rupees capital infusion in Banking Sectorनयी दिल्ली। वित्त मंत्रालय सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (पीएसबी) में शेष 14,500 करोड़ रुपये की पूंजी डालने के बारे में चालू वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में फैसला करेगा। सूत्रों ने यह जानकारी दी। सूत्रों ने बताया कि पहली छमाही के प्रदर्शन की समीक्षा के बाद यह तथ्य सामने आया है कि 12 सरकारी बैंकों में से पंजाब एंड सिंध बैंक को नियामकीय जरूरतों को पूरा करने के लिए 5,500 करोड़ रुपये की पूंजी की जरूरत है। ऐसे में सरकार ने पिछले महीने इक्विटी शेयरों के तरजीही आवंटन से पंजाब एंड सिंध बैंक में पूंजी डालने की मंजूरी दी है।वित्त वर्ष 2020-21 की अनुदान की पूरक मांगों की पहली खेप के तहत संसद ने सितंबर में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के लिए 20,000 करोड़ रुपये की पूंजी मंजूर की है। इसमें से 5,500 करोड़ रुपये पंजाब एंड सिंध बैंक में डालने के बाद 14,500 करोड़ रुपये की राशि बची है। सूत्रों ने बताया कि तीसरी तिमाही के आंकड़ों के बाद प्रदर्शन की समीक्षा से बैंकों को स्पष्ट रूप से पता होगा कि कोविड-19 महामारी के बीच रिजर्व बैंक के दिशानिर्देशों के अनुरूप ऋण के एकबारगी पुनर्गठन से उनपर कितना अतिरिक्त बोझ पड़ा है।सूत्रों ने कहा कि इसके अलावा उस समय गैर-निष्पादित आस्तियों (एनपीए) को लेकर भी चीजें स्पष्ट हो चुकी होंगी, क्योंकि तबतक संभवत: उच्चतम न्यायालय ब्याज पर ब्याज मामले को लेकर फैसला सुना देगा। बीते वित्त वर्ष 2019-20 में सरकार ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में 70,000 करोड़ रुपये की पूंजी डालने का प्रस्ताव किया था। हालांकि, 2020-21 के बजट में सरकार ने ऐसी कोई प्रतिबद्धता नहीं जताई थी, क्योंकि उसका मानना था कि बैंक अपनी जरूरत के हिसाब से बाजार से पैसा जुटा लेंगे।बीते वित्त वर्ष में पंजाब नेशनल बैंक को 16,091 करोड़ रुपये, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया को 11,768 करोड़ रुपये, केनरा बैंक को 6,571 करोड़ रुये और इंडियन बैंक को 2,534 करोड़ रुपये की पूंजी मिली थी। इनके अलावा इलाहाबाद बैंक को 2,153 करोड़ रुपये, यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया को 1,666 करोड़ रुपये और आंध्रा बैंक को 200 करोड़ रुपये की पूंजी मिली थी।इन बैंकों का अब अन्य बैंकों में विलय हो चुका है। साथ ही बैंक ऑफ बड़ौदा को 7,000 करोड़ रुपये, इंडियन ओवरसीज बैंक को 4,360 करोड़ रुपये, यूको बैंक को 2,142 करोड़ रुपये, पंजाब एंड सिंध बैंक को 787 करोड़ रुपये तथा सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया को 3,353 करोड़ रुपये की पूंजी सरकार की ओर से मिली थी।उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदपीएम फसल बीमा योजना पर किसानों का भरोसा, स्वैच्छिक होने पर भी 3% बढ़ा कवरेज******फसल बीमा योजना का कवरेज बढ़ानई दिल्ली। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (पीएमएफबीवाई) के प्रति देश के किसानों की दिलचस्पी बढ़ी है। इसका पता इस बात से चलता है कि पीएमएफबीवाई को किसानों के लिए स्वैच्छिक किए जाने के बावजूद योजना के तहत बीमित रकबा पिछले साल से करीब तीन फीसदी बढ़ गया है। हालांकि, देशभर में बीमित क्षेत्र अभी तक महज 30 फीसदी है जिसे बढ़ाकर 50 फीसदी करने का लक्ष्य रखा गया है। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी और प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के सीईओ डॉ. आशीष भुटानी ने कहा कि इस योजना के तहत अभी रबी और खरीफ सीजन में बोई जाने वाली फसलों को मिला कुछ बीमित क्षेत्र अभी महज 30 फीसदी है, जिसमें उन राज्यों का रकबा भी शामिल है जो अभी पीएमएफबीवाई से बाहर हो गए हैं। उन्होंने कहा कि पहला पायदान 50 फीसदी करने का लक्ष्य है और कुछ राज्य जो बाहर हो गए हैं वो अगर बाहर नहीं होते तो अगले एक-दो साल में यह आंकड़ा कम से कम 40 फीसदी तक पहुंच जाता।बिहार और पश्चिम बंगाल पहले से ही पीएमएफबीवाई से बाहर हैं। इसके अलावा, तेलंगाना, आंध्रप्रदेश, झारखंड और गुजरात भी इस योजना से बाहर हो गए हैं। हालांकि, उन्होंने कहा कि किसानों की दिलचस्पी इस योजना की ओर बढ़ रही है और योजना के स्वैच्छिक किए जाने के बावजूद बीमित क्षेत्र में वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि खरीफ-2019 के मुकाबले खरीफ-2020 में पीएमएफबीवाई के तहत कवरेज तीन फीसदी बढ़ा है जबकि 2020 से यह योजना किसानों के लिए स्वैच्छिक है। डॉ. भुटानी ने कहा, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का प्रचार-प्रसार कर इसके प्रति किसानों में जागरूकता फैलाने की दिशा में प्रयास जारी है और हमें उम्मीद है कि आने वाले वर्षों में इस योजना का लाभ ज्यादा से ज्यादा किसान उठा पाएंगे। उन्होंने कहा जो राज्य इस योजना से बाहर हैं उनके अपने कारण हैं, लेकिन जो राज्य जुड़े हैं उनमें कर्नाटक, तमिलनाडु, महाराष्ट्र, राजस्थान, मध्यप्रदेश और ओडिशा में करीब 50 से 60 फीसदी बीमित क्षेत्र है और इन राज्यों के किसान योजना का लाभ उठा रहे हैं। उन्होंने बताया कि सबसे ज्यादा फसल बीमित करने वाला राज्य कर्नाटक है जहां के किसानों की 40 से 50 फसलें बीमित होती हैं।मोदी सरकार के पहले कार्यकाल के दौरान 2016 में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना आरंभ की गई थी। इस योजना के तहत किसानों को काफी कम प्रीमियम पर बीमा कवर प्रदान की जाती है। योजना के प्रीमियम का बाकी अंश सरकार द्वारा दिया जाता है जिसमें केंद्र सरकार के साथ-साथ राज्य सरकार का भी योगदान होता है।

उत्‍तर प्रदेश: योगी पेश करेंगे तीसरा बजट, चुनाव से पहले बड़ी सौगातों की उम्‍मीद

उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदबिहार में 7 अगस्त से खुलेंगे स्कूल, प्रतिबंधों के साथ सिनेमा हॉल और शॉपिंग मॉल खोलने के आदेश******बिहार में कोरोना संक्रमण कम होने के साथ ही नीतीश सरकार ने अनलाक-5 में ढील का ऐलान किया है। बुधवार को आपदा प्रबंधन समूह की बैठक में यह निर्णय लिया गया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप की बैठक में बच्चों के स्कूल को लेकर बड़ा निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही राज्य में सिनेमा हाल, शापिंग माल भी खोलने की इजाजत दे दी है। बिहार में नौवीं से दसवीं वर्ग के स्कूल 7 अगस्त से एवं पहली से आठवीं वर्ग तक के स्कूल 16 अगस्त से खुलेंगे। बिहार के मुख्यमंत्री ने बुधवार को खुद इसकी जानकारी दी है।बिहार के मुख्यमंत्री ने बुधवार को अपने अधिकारिक ट्विटर हैंडल से ट्वीट कर लिखा, कोरोना संक्रमण में कमी को देखते हुए 7 अगस्त से 25 अगस्त तक सभी दुकानों को साप्ताहिक बंदी के साथ खोलने का निर्णय लिया गया है। नौवीं से दसवीं कक्षा 7 अगस्त से एवं पहली से आठवीं कक्षा 16 अगस्त से खुलेंगे। उन्होंने आगे लिखा, कोचिंग संस्थान छात्रों की 50 प्रतिशत उपस्थिति (एक दिन छोड़कर) के साथ कार्य कर सकेंगे। सार्वजनिक वाहनों को पूर्ण क्षमता के साथ चलने की अनुमति होगी। प्रतिबंधों के साथ सिनेमा हॉल एवं शॉंपिग मॉल भी खुलेंगे।मुख्यमंत्री ने हालांकि कोविड संबंधी सावधानी बरतने की अपील भी की है। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बच्चों को कोविड अनुकूल व्यवहार की जानकारी दी जाएगी। लोगों को अभी-भी कोविड संबंधी सावाानी बरतनी चाहिए। इससे पहले आपदा प्रबंधन समिति की बैठक हुई जिसमें यह निर्णय लिया गया। इससे पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बुधवार को पटना शहर के विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण कर कोरोना प्रोटोकॉल के पालन का जायजा लिया।उन्होंने भ्रमण के दौरान देखा कि लोग मास्क लगाने को लेकर कितने जागरूक हैं, विभिन्न स्थलों पर सोशल डिस्टेंसिंग का पालन हो रहा है या नहीं। मुख्यमंत्री मंगलवार को भी कोरोना प्रोटोकॉल के पालन का जायजा लेने के लिए विभिन्न जिलों का दौरा किया था। मुख्यमंत्री महात्मा गांधी सेतु होते हुए पटना एवं वैशाली जिले से इसकी शुरूआत की थी और फिर समस्तीपुर, मुजफ्फरपुर एवं सारण जिले के विभिन्न क्षेत्रों का जायजा लिया था।उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदयूपी में बड़ी पार्टियों से सौदेबाजी करने में जुटे छोटे दल, जानें क्या है इनकी अहमियत******उत्तर प्रदेश के सियासी गुणा-भाग पर असर डालने में सक्षम जातियों में अपनी पैठ रखने वाली एक दर्जन से ज्यादा छोटी पार्टियां राज्य के आगामी विधानसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी और समाजवादी पार्टी जैसे बड़े दलों के साथ सौदेबाजी करने में जुटी हैं। खासकर पिछड़ी जातियों में असर रखने वाली यह पार्टियां भाजपा, सपा, बहुजन समाज पार्टी (बसपा) और कांग्रेस के लिए मुनाफे का सौदा साबित होती रही है क्योंकि जातीय समीकरण के चलते कुछ हजार वोट भी खेल बनाने और बिगाड़ने की ताकत रखते हैं।वर्ष 2017 में 32 ऐसी छोटी पार्टियां थी जिनके प्रत्याशियों ने 5.000 से लेकर 50.000 तक वोट हासिल किए थे। 6 ऐसे दल भी थे जिनके प्रत्याशियों ने 50,000 से ज्यादा वोट पाए थे। चुनाव आयोग के आंकड़ों से पता चलता है कि वर्ष 2017 के में विभिन्न पार्टियों के कम से कम 8 प्रत्याशी 1000 से कम वोट के अंतर से जीते थे। डुमरियागंज सीट से बीजेपी प्रत्याशी राघवेंद्र सिंह की बीएसपी उम्मीदवार सैयदा खातून पर 171 वोटों की जीत मतों की संख्या के लिहाज से सबसे नजदीकी थी। ऐसे में छोटी राजनीतिक पार्टियों की अहमियत बड़ी पार्टियों की नजर में काफी बढ़ जाती है।यही वजह है कि समाजवादी पार्टी शुरू से कह रही है कि छोटी पार्टियों के लिए उसके दरवाजे खुले हुए हैं। उधर, बीजेपी भी अपने सहयोगी दलों, , निषाद पार्टी और रिपब्लिकन पार्टी तथा बिहार की विकासशील इंसान पार्टी के साथ अपना गठबंधन बनाए रखने पर ध्यान दे रही है। मछुआरा समुदाय पर प्रभाव रखने वाली निषाद पार्टी बीजेपी के साथ सौदेबाजी में जुटी है। उसके मुखिया संजय निषाद बीजेपी से आगामी विधानसभा चुनाव में खुद को उपमुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार के तौर पर पेश करने की मांग कर रहे हैं। करीब आधा दर्जन लोकसभा क्षेत्रों में निषाद समुदाय यानी मछुआरा बिरादरी की खासी तादाद है।वहीं, अपना दल सोनेलाल का कुर्मी बिरादरी में खासा प्रभुत्व है। वर्ष 2018 में सपा ने निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद के बेटे प्रवीण को गोरखपुर लोकसभा सीट के उपचुनाव में टिकट दी थी और उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और भाजपा के इस गढ़ में सेंध लगाते हुए यह सीट जीत ली थी। तब गोरखपुर सीट योगी के मुख्यमंत्री बनने के बाद उनके विधान परिषद सदस्य निर्वाचित होने के कारण रिक्त हुई थी। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी निषाद पार्टी को अपने साथ ले आई। उसने तब गोरखपुर से सांसद रहे प्रवीण निषाद को संत कबीर नगर से टिकट दिया और वह यहां भी जीत गए।वर्ष 2017 में बीजेपी ने अपना दल सोनेलाल और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (SBSP) से गठबंधन किया था। तब अपना दल ने 9 तथा SBSP ने 4 सीटें जीती थीं। SBSP अध्यक्ष को योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री बनाया गया था लेकिन मुख्यमंत्री से तल्खी की वजह से वह बीजेपी से अलग हो गए थे। राजभर ने हाल ही में भागीदारी संकल्प मोर्चा का गठन किया है, जिसमें सांसद असदुद्दीन ओवैसी की एआईएमआईएम भी शामिल है।वर्ष 2012 के विधानसभा चुनाव में 200 से ज्यादा पंजीकृत पार्टियों ने अपने उम्मीदवार खड़े किए थे। वहीं, 2017 के चुनाव में 290 पार्टियों ने किस्मत आजमाई थी। सपा के साथ राष्ट्रीय लोक दल, महान दल, जनवादी सोशलिस्ट पार्टी, तथा कुछ अन्य छोटे दल हैं। महान दल का शाक्य, सैनी, मौर्य तथा कुशवाहा बिरादरियों में प्रभाव माना जाता है। ऐसी अपेक्षा है कि इससे सपा को अति पिछड़े वर्ग के कुछ वोट मिल सकते हैं जो अन्य पिछड़ा वर्ग में 14% की हिस्सेदारी रखते हैं।कभी सपा के कद्दावर नेता रहे शिवपाल सिंह यादव की प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया (प्रसपा) भी बीजेपी के खिलाफ एक गठबंधन तैयार करने की कोशिश कर रही है। प्रसपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता दीपक मिश्रा ने बताया, ‘पार्टी आगामी विधानसभा चुनाव के लिए तैयार है। गठबंधन के लिए कई पार्टियों से बातचीत चल रही है। जल्द ही इस बारे में घोषणा होगी।’ सपा से गठबंधन की संभावना के सवाल पर मिश्रा ने कहा कि अखिलेश यादव की अगुवाई वाली पार्टी ने प्रसपा से गठबंधन करने से इंकार कर दिया है। उन्होंने कहा, ‘हम गैर भाजपावाद पर मजबूती से कायम रहेंगे।’विधानसभा चुनाव के लिए तैयार चंद्रशेखर आजाद की आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) भी छोटे दलों के साथ गठबंधन की कोशिश में है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की अगुवाई वाली आम आदमी पार्टी ने भी उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव मैदान में उतरने का ऐलान किया है। पार्टी के उत्तर प्रदेश प्रभारी और राज्यसभा सांसद संजय सिंह हाल ही में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिले थे। हालांकि संजय सिंह ने इसे एक शिष्टाचार भेंट बताया था।उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदRealme के CEO ने शेयर की Realme 3 Pro से ली गई फोटो, लॉन्चिंग के बारे में किया नया खुलासा******Realme 3 proके सीईओ माधव सेठ ने अपने ट्विटर हैंडल पर रियलमी के आने वाले नए स्‍मार्टफोन रियलमी 3 प्रो के कैमरे से खींची गई पिक्‍चर्स को शेयर किया है। दिल्‍ली यूनिवर्सिटी के छात्रों के साथ रियलमी 3 प्रो से खींची गई फोटो के साथ ही साथ माधव सेठ ने लॉन्चिंग इवेंट के लिए चल रही तैयारियों के फोटो भी शेयर किए हैं। माधव सेठ ने बताया कि रियलमी 3 प्रो को दिल्‍ली यूनिवर्सिटी के स्‍टेडियम में लॉन्‍च किया जाएगा। माधव सेठ ने ट्विटर पर तीन पिक्‍चर शेयर किए हैं और ऐसा माना जा रहा है कि ये तीनों पिक्‍चर्स रियलमी 3 प्रो के रियर कैमरा से खीचीं गई हैं। इन तीनों पिक्‍चर्स के कॉर्नर पर शॉट ऑन रियलमी 3 प्रो का वाटरमार्क दिखाई पड़ रहा है।इससे पहले मार्च में, रियलमी 3 के लॉन्‍च इवेंट में सेठ ने घोषणा की थी कि रियलमी 3 प्रो को अप्रैल में लॉन्‍च किया जाएगा और ये रेडमी नोट 7 प्रो को टक्‍कर देगा। हालांकि रियलमी ने अत कि इस नए डिवाइस के बारे में कोई जानकारी लीक नहीं की है।लेकिन कुछ रिपोर्ट में इसके स्‍पेसिफ‍िकेशंस के लीक होने का दावा किया जा रहा है। लीक के मुताबिक रियलमी 3 प्रो में 10एनएम ओक्‍टा-कोर क्‍वालकॉम स्‍नैपड्रैगन 710 प्रोसेसर और सोनी आईएमएक्‍स519 कैमरा सेंसर होगा। यह वही सेंसर है जिसका इस्‍तेमाल वनप्‍लस 6टी में भी किया गया है। लीक में यह भी कहा गया है कि रियलमी 3 प्रो को अप्रैल के तीसरे सप्‍ताह में लॉन्‍च किया जाएगा।लीक से यह भी खुलासा हुआ है कि रियलमी 3 प्रो वीओओसी 3.0 फास्‍ट चार्जिंग को सपोर्ट करेगा, जो केवल 25 मिनट में डिवाइस को 75 प्रतिशत से ज्‍यादा चार्ज कर सकता है। लीक में यह भी दावा किया गया है यह फोन तीन कलर्स और तीन स्‍टोरेज मॉडल में लॉन्‍च किया जाएगा। रियलमी 3 प्रो 4जीबी रैम व 32जीबी रोम, 4जीबी रैम व 64जीबी रोम और 6जीबी रैम व 64जीबी स्‍टोरेज वेरिएंट में आएगा।

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उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदLexus UX 300e Electric SUV Review: दिल जीत लेने वाली एक भरोसेमंद इलेक्ट्रिक कार******Lexusजापानी कार कंपनी Lexus के बारे में कहावत है, कि जब आम इंसान जब अमीर बनता है तो वह कोई भी आम लक्जरी कार खरीदता है, और जब वही अमीर इंसान सोच से अमीर बनता है तो वह Lexus खरीदता है।Lexus, जी हां, आज हम दुनिया के इसी सुपर लक्जरी ब्रांड्स में से एक Lexus की बात कर रहे हैं। Lexus बीते कई दशकों से दुनिया के दिलों पर राज कर रही है और जब दौर इलेक्ट्रिक का हो तो Lexus इस मामले में कहां पीछे रहने वाली है।तो लीजिए Lexus लेकर आ गई है अपनी पहली इलेक्ट्रिक क्रॉसओवर SUV, Lexus UX 300e, आज हम Lexus UX 300e को रिव्यू करने जा रहे हैं। लेकिन आपको हम पहले बता दें कि फिलहाल Lexus इस इलेक्ट्रिक SUV को भारत में टेस्ट कर रही है, इसे भारत में जल्द लॉन्च किया जाएगा।Lexus UX 300e Electric SUV के रिव्यू की शुरआत हम इसकी डिजाइन से करते हैं। आप पहली नजर में इस पर दिल हार बैठेंगे। कार का फ्रंट काफी आकर्षक है, सामने की ओर ब्लैक ग्रिल और उस पर Lexus का एग्रेसिव लोगो, देखने में बहुत खूबसूरत लगता है। DRLs वाले हेडलाइट को पतला और एंगुलर ही रखा है और उसके नीचे L आकार लिए फॉग लैंप मिलेंगे। कार में 17 इंच के एलॉय व्हील दिए गए हैं। कार के रियर साइड की बात करें तो यहां एलईडी टेललाइट दी गई है जो लेफ्ट से राइट तक पूरे बैक डोर को कवर करती है। ले​क्सस में आपको पावर्ड टेलगेट मिलेगा, जिसे आप कार के अंदर से या फिर smart key की मदद से खोल सकते हैं।इंटीरियर की बात करें तो दरवाजे खोलते ही आपको एक रियल लेक्सस कार का अहसास होता है। UX 300e में आपको खूबसूरत 'सशिको' लेदर अपहोल्स्ट्री मिलेगा। 'सशिको' एक पारंपरिक जापानी क्विल्टिंग तकनीक है जिसका उपयोग मार्शल आर्ट की यूनिफॉर्म तैयार करने में भी किया जाता है। गुदगुदे लेदर पर खूबसूरत पैटर्न कार के लुक में चार चांद लगाता है।कार को आप नए LexusLink app से कंट्रोल कर सकते हैं। इसमें कार से जुड़े खास फीचर्स से लेकर एक बेहतरीन ownership experience के लिए बहुत कुछ मिलेगा। यह कार CarPlay® और Android Auto® को भी सपोर्ट करती है।कार में सुरक्षा को लेकर भी खास इंतजाम हैं। इसमें डायनेमिक रडार क्रूज कंट्रोल, प्री कोलिजन सिस्टम, लेन ट्रेसिंग असिस्टए, Automatic High-Beam, Adaptive High-Beam System और Road Sign Assist जैसे फीचर्स मिलेंगे। UX 300e का प्री-कोलिजन सिस्टम अब रात में भी पैदल चलने वालों और दिन के समय सामने आने वाली साइकिल का भी पता लगा सकती है।लेक्सस में 54.3 किलो वाट की बैटरी दी गई है। इसकी इलेक्ट्रिक मोटर्स फ्रंंट व्हील्स को 201 बीएचपी की पावर और 300 न्यूटन मीटर का टॉर्क देती हैं।कंपनी का दावा है कि UX300e एक बार फुल चर्चा करने पर 300 किमी. जाती है। हमने इसे ईको मोड पर करीब 250 किमी चलाया। इसकी रेंज ने हमें निराश नहीं किया। यह 0 से 62 किमी प्रति घंटे की रफ्तार 7.5 सेकेंड में पकड़ लेती है। इसकी टॉप स्पीड 100 किमी प्रति घंटे की है। कार को होम इलेक्ट्रिक वॉल बॉक्स या 6.6kW तक के स्टैंडर्ड 3-पिन प्लग का उपयोग करके घर पर चार्ज किया जा सकता है। घर के बाहर आप DC चार्जर का उपयोग कर, अपनी UX300e को 50kW* तक चार्ज कर सकते हैं।आइए सबसे पहले इस महंगी प्रीमियम कार की खूबियों पर गौर कर लेते हैं। हमें लेक्सस की प्रीमियम लेदर सीटें और इसका कंफर्ट काफी पसंद आया। साथ ही इसका शानदार पिकअप आपको प्रभावित कर देगा। वहीं ट्रैफिक लाइट ग्रीन होने पर इसकी रफ्तार दूसरों को आश्चर्यचकित कर देगी।अब कार की कमियों पर गौर कर लेते हैं। लेक्सस जैसी लक्जरी कार से आपको प्रीमियम इंफोटेनमेंट सिस्टम की उम्मीद होती है, लेक्सस इस मामले में निराश करती है। आज 10 लाख की बजट एसयूवी में भी आपको टच स्क्रीन मिलती है। लेकिन लेक्सस के इंफोटेनमेंट सिस्टम में इसकी कमी खलती है। साथ में इसके क्ला​मेट कंट्रोल फीचर ने भी हमें निराश किया।उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदBigg Boss 13: शिल्पा शेट्टी के योगासन से घरवालों के छूटे पसीने****** का ग्रैंड फिनाले जितना करीब आता जा रहा है फैन्स इस लेकर ज्यादा एक्साइडिट होते जा रहे हैं। एलीट क्लब के मेंबर बन रश्मि देसाई, आसिम और सिद्धार्थ शुक्ला फिनाले में पहुंच चुके हैं। इस वीकेंड के वॉर में घरवालों से मिलने के लिए कई सेलिब्रिटीज आने वाले हैं। कंटेस्टेंट्स को योगा सिखाने के लिए बॉलीवुड की सबसे फिट एक्ट्रेस जाने वाली हैं। जिनके साथ योगा करते हुए घरवालों के पसीने छूटने वाले हैं।बिग बॉस का नया प्रोमो रिलीज हुआ है, जिसमें वह सभी घरवालों को योगा सिखाती नजर आ रही हैं। शिल्पा शेट्टी सभी से कपल योगा भी कराएंगी। इस दौरान सभी घरवाले उल्टे-सीधे तरीके से योगा करते नजर आ रहे हैं।रिपोर्ट्स के मुताबिक शिल्पा शेट्टी अपनी आने वाली फिल्म हंगामा 2 के प्रमोशन के लिए बिग बॉस में आई हैं। 'हंगामा 2' में उनके साथ परेश रावल, मिज़ान जाफरी और प्रनिथा सुभाष अहम भूमिका निभाते नजर आएंगे। रिपोर्ट्स के मुताबिक आयुष्मान खुराना भी अपनी आने वाली फिल्म शुभ मंगल ज्यादा सावधान' के प्रमोशन के लिए बिग बॉस में आएंगे।बिग बॉस के घर में इस समय सिद्धार्थ शुक्ला ने पारस छाबड़ा को इम्यूनिटी देकर नॉमिनेशन से बचा लिया है। जिसके बाद उनके और शहनाज आरती के बीच लड़ाई हो रही है।

उत्‍तर प्रदेश: योगी पेश करेंगे तीसरा बजट, चुनाव से पहले बड़ी सौगातों की उम्‍मीद

उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदMaharashtra Political Crisis: बागी विधायकों को लेकर आदित्य ठाकरे का बड़ा दावा, कहा विधायकों को जबरदस्ती ले जाया गया, वो सब उनके साथ******Highlightsमहाराष्ट्र में जारी राजनीतिक गतिरोध और भी गहराता जा रहा है। राजनीति का यह ऊंट किस करवट बैठेगा, कोई नहीं जानता। दोनों पक्ष अपने-अपने दावे कर रहा है। एकनाथ शिंदे अपने साथ शिवसेना के 40 से ज्यादा विधायक होने का दावा कर रहा है तो वहीं महाविकास अघाड़ी सरकार के अपने ही दावे हैं। दोनों पक्ष अपनी-अपनी चाल चल रहे हैं लेकिन कोई खुलकर अपने दांव-पेंच नहीं दिखा रहा है।इन सबके बीच अभी तक आदित्य ठाकरे मौन थे लेकिन शनिवार एक बैठक के दौरान वे बोले। उन्होंने बागी हुए विधायकों पर हमला बोलते हुए कहा कि, महाराष्ट्र में जो पिछले 2-4 दिनों से हो रहा है उसे देखकर तो ऐसा ही लगता है कि जो लोग चले गए, अच्छे के लिए चले गए। कोविड के समय सारे देश ने देखा कि कैसे एक व्यक्ति ने पूरे महाराष्ट्र को संभाला और इन सबके बीच उसने अपना सरकारी घर भी छोड़ दिया।"उन्होंने कहा कि, उसने कई लोगों ने कहा कि कई आये और चले गए लेकिन मौजूदा मुख्यमंत्री जैसा कोई नहीं था। बागी विधायकों पर हमलावर होते हुए उन्होंने कहा कि, "वे सूरत और गुहावटी क्यों गए, पार्टी तोड़ने के लिए? वहां कई ऐसे विधायक भी हैं जिन्हें वहां जबरदस्ती रखा गया है। 10-15 विधायक हमारे संपर्क में हैं जो इस बात की पुष्टि कर सकते हैं।" आदित्य ने दावा किया कि, "विधायक वहां जबरदस्ती ले जाये गए हैं, उनपर हर रोज लाखों रुपए खर्च किये जा रहे हैं। एक तरफ असम में लाखों लोग बाढ़ से परेशान है, उन्हें उनके हाल पर ही छोड़ दिया गया है। वहीं दूसरी तरफ उसी असम में लाखों रुपए खर्च किये जा रहे हैं। ऐसा पहली बार हो रहा है जब विपक्ष सत्ताधारी दल के किसी गुट का समर्थन कर रहा है।हम फिर से लड़ने को तैयार हैं, आपको शिवसेना के बगैर लड़ना है तो लड़िए लेकिन हम अब किसी भी कीमत पर देशद्रोहियों को जीतने नहीं देंगे। इस घटना के बाद, पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी और कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने सीएम (उद्धव ठाकरे) को फोन किया और उनके साथ इस लड़ाई में अपना समर्थन दिया है।

उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदविश्वभर में नए साल की धूम, टाइम्स स्क्वायर पर की गई तैयारियां****** में मध्य रात्रि में होने वाले आतिशबाजी के स्थान पर विश्व के सबसे ऊंचे टावर 828 मीटर ऊंचे बुर्ज खलीफा पर एक लेजर शो की तैयारी की गई। रूस की राजधानी मास्को में प्रमुख सड़कों और चौराहे नये वर्ष का स्वागत करने वाले लोगों से भरे हुए होंगे। इस मौके पर आतिशबाजी भी की जाएगी। में आर्क डि ट्रायम्फ में लाइट शो के लिए हजारों लोगों के जुटने की उम्मीद है। पूरे देश में जेहादी खतरे से निपटने के लिए करीब 140000 सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है। अमेरिका के मध्य और उत्तर पूर्व के अधिकतर क्षेत्रों में कड़ाके की ठंड के बावजूद न्यूयार्क के टाइम्स स्क्वैयर में नये वर्ष के जश्न की तैयारी की गई है।उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदManikarnika Collection: कंगना रनौत की फिल्म 'मणिकर्णिका' की कमाई 40 करोड़ के पार******कंगना रनौत की 'मणिकर्णिका : द क्वीन ऑफ झांसी' ने अपने शुरुआती सप्ताहांत में बॉक्स-ऑफिस पर 42.55 करोड़ रुपये की कमाई की है। रानी लक्ष्मीबाई के जीवन पर आधारित 'मणिकर्णिका : द क्वीन ऑफ झांसी' शुक्रवार को रिलीज हुई। इसमें कंगना रानी लक्ष्मीबाई की भूमिका में हैं।फिल्म प्रचारक के अनुसार, फिल्म ने पहले दिन 8.75 करोड़ रुपये की कमाई की, जबकि दूसरे दिन फिल्म में 18.1 करोड़ रुपये कमाए और तीसरे दिन फिल्म ने 15.70 करोड़ रुपये की कमाई की। अब तक इस फिल्म की कुल कमाई 42.55 करोड़ रुपये है।बयान के मुताबिक, फिल्म दिल्ली एनसीआर, उत्तर प्रदेश, पंजाब और राजस्थान में 'असाधारण रूप से अच्छा' कारोबार कर रही है। गुजरात ने शनिवार-रविवार को 100 फीसदी से अधिक की वृद्धि दर्ज की है।ट्रेड एक्सपर्ट तरण आदर्श के अनुसार, फिल्म का सप्ताहांत शानदार रहा।उन्होंने ट्वीट किया, "फिल्म ने सुस्त शुरुआत (1 दिन) के बाद 40 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार कर लिया है .. कंगना की सबसे बड़ी ओपनर .. दिल्ली, एनसीआर, उप्र, पंजाब और राजस्थान ने सबसे बेहतरीन प्रदर्शन किया है।"जैन और निशांत पिट्टी के सहयोग से जी स्टूडियो द्वारा निर्मित, फिल्म में अंकिता लोखंडे, अतुल कुलकर्णी, वैभव तत्ववादी और डैनी डेन्जोंगपा जैसे सितारे प्रमुख भूमिकाओं में हैं।Also Read:

उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदआईपीएल 2022 में फ्लॉप, अब इस खिलाड़ी जड़ दिया ताबड़तोड़ शतक******Highlightsआईपीएल 2022 खत्म होने के बाद अब भारतीय खिलाड़ी दूसरे टूर्नामेंट खेलने में व्यस्त हो गए हैं। टीम इंडिया नौ जून से दक्षिण अफ्रीका से मुकाबला करेगी, इस सीरीज के लिए जो खिलाड़ी नहीं चुने गए हैं, वो रणजी ट्रॉफी खेलने लगे हैं। सोमवार से ही रणजी ट्रॉफी के क्वार्टर फाइनल के मुकाबले शुरू हुए हैं। इस बीच आईपीएल में दिल्ली कैपिटल्स की ओर से खेलने वाले सरफराज खान ने एक और शतक ठोक दिया है। आईपीएल 2022 में उनका बल्ला ज्यादा कुछ नहीं चला, लेकिन रणजी ट्रॉफी में मुंबई की ओर से खेलते हुए सरफराज खान ने उत्तराखंड के खिलाफ जबरदस्त शतक लगाया। खास बात ये है कि पिछली 13 रणजी ट्रॉफी पारियों में से ऐसा छठी बार हुआ है कि सरफराज खान ने 150 से ज्यादा रन की पारी खेली हो।सरफराज खान ने रणजी ट्रॉफी के इस सीजन में तीसरा शतक लगाया है। वे अब 600 से अधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए हैं। रणजी ट्रॉफी 2022 में उनके ही नाम सबसे ज्यादा रन हैं, यानी वे नंबर एक पर चल रहे हैं। उनके नाम अब तक 650 से ज्यादा रन हो गए हैं। इस मामले में दूसरे नंबर पर चेतन विष्ट हैं, उन्होंने भी 600 से ज्यादा रन बनाए हैं। वहीं शाकिबुल गानी के नाम पर भी 600 से ज्यादा रन हैं। इन तीन बल्लेबाजों के अलावा कोई और खिलाड़ी अब तक 600 से ज्यादा रन बनाने में कामयाब नहीं हो पाया है।सरफराज खान ने उत्तराखंड के खिलाफ मंगलवार को अपना शतक पूरा किया। उन्होंने 205 गेंदों का सामना किया और 153 रन की विस्फोटक पारी खेली। इस दौरान सरफराज खान ने 14 चौके और चार छक्के लगाए। लगातार सभी गेंदबाजों की पिटाई करने के बाद आखिरकार मयंक मिश्रा उन्हें आउट करने में कामयाब रहे। पृथ्वी शॉ और यशस्वी जायसवाल के जल्दी आउट होने के बाद भी सरफराज की पारी की बदौलत मुंबई ने अच्छा स्कोर कर लिया है। टीम ने पांच विकेट पर 450 से ज्यादा का स्कोर टांग दिया है।उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदIPL 2022: दूसरी पारी का आगाज करने के लिए भारत पहुंचे डेल स्टेन, इस टीम के हैं गेंदबाजी कोच******Highlightsसाउथ अफ्रीका के महान तेज गेंदबाज डेल स्टेन 26 मार्च से शुरू होने वाली इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में सनराइजर्स हैदराबाद के गेंदबाजी कोच के तौर पर अपनी नयी पारी शुरू करने के लिये गुरूवार को भारत पहुंच गये। पिछले साल अगस्त में संन्यास लेने वाले 38 वर्षीय स्टेन सनराइजर्स हैदराबाद के कोचिंग स्टाफ से जुड़ेंगे जिसमें मुख्य कोच टॉम मूडी, बल्लेबाजी कोच ब्रायन लारा और स्पिन गेंदबाजी कोच मुथैया मुरलीधरन शामिल हैं।स्टेन ने सनराइजर्स हैदराबाद के लिये 95 मैचों में 97 विकेट लिये हैं। उन्होंने फ्रेंचाइजी द्वारा पोस्ट किये गये एक वीडियो में कहा, ‘‘हां, वापसी के बाद काफी खुश हूं। मैं कुछ समय से भारत में रहा हूं इसलिये वापसी करके काफी रोमांचित हूं। हवाईअड्डे से ड्राइव करते हुए इतनी सारी यादें ताजा हो गयीं। ’’उन्होंने कहा, ‘‘मैं यहां पहले भी आ चुका हूं, दक्षिण अफ्रीकी टीम के साथ या आईपीएल टीमों के साथ इसलिये मैं काफी रोमांचित हूं। मेरे लिये एक नयी भूमिका, कोचिंग की भूमिका जिसके बारे में मैं सचमुच काफी रोमांचित हूं। खिलाड़ियों को देखने की यह पूरी तरह से नयी भूमिका है जो शानदार है। मैं मैदान में उतरने के लिये तैयार हूं। ’’स्टेन ने 2019 में टेस्ट क्रिकेट से अलविदा कह दिया था और अगस्त में अंतरराष्ट्रीय करियर खत्म करने के बाद टी20 विश्व कप में कमेंटरी भी की।

उत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदसरकारी योजनाओं के लिए एक अप्रैल से मिलने लगेगा पैसा : जेटली****** वित्त मंत्री अरुण जेटली ने विभिन्न केंद्रीय मंत्रालयों से योजनाओं और परियोजनाओं के क्रियान्वयन के लिए तैयार रहने को कहा है। उन्‍हें इसके लिए पैसा एक अप्रैल से ही मिलने लगेगा।मुफ्त LPG सिलेंडर पाने के लिए आधार हुआ जरूरी, गरीबी रेखा से नीचे रहने वालों को मिला 31 मई तक का वक्‍तइस बार वित्त विधेयक संसद में 31 मार्च, 2017 से पहले पारित हो जाएगा। ऐसे में विभिन्न मंत्रालयों को योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए अपनी तैयारी पूरी रखने को कहा गया है क्‍योंकि उन्हें इसके लिए 1 अप्रैल, 2017 से ही फंड मिलने लगेगा।IDFC बैंक ने शुरू की आधार पे सर्विस, बिना एक्सट्रा पैसे दिए सिर्फ अंगूठे के निशान से होगा होगा लेन-देनउत्‍तरप्रदेशयोगीपेशकरेंगेतीसराबजटचुनावसेपहलेबड़ीसौगातोंकीउम्‍मीदचेतावनी के बावजूद 82 पूर्व सांसदों ने नहीं खाली किए बंगले, अब उठाया जाएगा यह बड़ा कदम!******दिल्ली के लुटियन्स जोन में 80 से ज्यादा ने लोकसभा के एक पैनल से कड़ी चेतावनी मिलने के बाद भी आधिकारिक खाली नहीं किए हैं। सूत्रों द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, लोक आवास (अनाधिकृत कब्जा खाली कराना) अधिनियम के तहत सरकार इन पूर्व सांसदों पर कार्रवाई करने पर विचार कर रही है। आपको बता दें कि चुनावों के बाद इस तरह की खबरें आती ही रहती हैं जिनमें पूर्व सासंदों द्वारा अपने बंगले खाली न करने की बात होती है।सीआर पाटिल के नेतृत्व में लोकसभा आवास समिति ने 19 अगस्त को करीब 200 पूर्व सांसदों को एक सप्ताह के भीतर बंगला खाली करने का आदेश दिया और ऐसा नहीं होने पर 3 दिन के भीतर बिजली, पानी और गैस कनेकश्न काटने का आदेश दिया था। सूत्रों ने बताया, ‘समिति के आदेश के बाद ज्यादातर पूर्व सांसदों ने आधिकारिक बंगले खाली कर दिए लेकिन 82 पूर्व सांसदों ने अब भी मौजूदा सूची के मुताबिक बंगला खाली नहीं किया है।’ लोकसभा आवास समिति के सूत्रों के मुताबिक यह अस्वीकार्य है और इस तरह के पूर्व सांसदों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।एक अन्य सूत्र के मुताबिक संसद के इन पूर्व सदस्यों को नोटिस भेजा जा रहा है और उन्हें बंगला खाली करने का आदेश किया जा रहा है। सूत्रों ने बताया, ‘जैसे ही खाली कराने का आदेश पारित हो जाएगा उनके बंगलों की बिजली, पानी और खाना बनाने वाली गैस का कनेकश्न काट दिया जाएगा।’ नियम के अनुसार पूर्व सांसदों को संबंधित बंगला लोकसभा भंग होने के एक महीने के भीतर खाली करना पड़ता है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने 16वीं लोकसभा 25 मई को भंग कर दी थी।

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