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वास्तु टिप्स: कैसे करें शंख की स्थापना? घर में रखने से पहले ये बातें रखें ध्यान वरना होगा अपशगुन

2022-10-04 11:25:47 Zhaoqing

वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनSmartphone Price Hike: मोबाइल खरीदना हो तो जल्दी करें, इस कारण भारत में महंगे होने वाले हैं सभी स्मार्टफोन******अगर आप भी स्मार्टफोन खरीदने की सोच रहे हैं और त्योहार का इंतजार कर रहे हैं तो जल्दी करें। क्योंकि आने वाले वक्त में भारत में मोबाइल फोन की कीमतों में इजाफा होना तय है। सरकार ने मोबाइल डिस्प्ले असेंबली के आयात पर कस्टम शुल्क बढ़ा दिया है। देश में ज्यादातर कंपनियों चीन से कंपोनेंट आयात कर भारत में मोबाइल असेंबल करती हैं। ऐसे में भारत में स्मार्टफोन की कीमत बढ़ना तय है।सरकार ने कलपुर्जों वाले मोबाइल डिस्प्ले असेंबली के आयात पर 15 प्रतिशत कस्टम शुल्क लगाने का फैसला किया है। केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा-शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) ने कहा है कि स्पीकर और सिम ट्रे जैसे कलपुर्जों के साथ आने वाली मोबाइल फोन डिस्प्ले असेंबली के आयात पर 15 प्रतिशत की दर से ही बेसिक कस्टम शुल्क (बीसीडी) लगेगा।सरकार के नियम बदलने के पीछे प्रमुख कारण आयात होने वाली स्कीन के प्रकार को लेकर है। फिलहाल मोबाइल डिस्प्ले असेंबली इकाई के आयात पर फिलहाल 10 प्रतिशत की दर से सीमा-शुल्क लगता है। लेकिन कंपनियां सिर्फ सिंगल डिस्प्ले आयात नहीं करती हैं। बल्कि डिस्प्ले असेंबली का आयात करती हैं। इस असेंबली यूनिट में स्क्रीन के साथ ही स्पीकर और सिम ट्रे भी जुड़ी होती है। इसके अलावा मोबाइल फोन की डिस्प्ले इकाई में टच पैनल, कवर ग्लास, एलईडी बैकलाइट और एफपीसी जैसे कलपुर्जे शामिल होते हैं। ऐसे में इस्तेमाल होने वाले अलग-अलग उपकरणों जैसे सिम ट्रे और स्पीकर के आयात पर कोई शुल्क नहीं लगता है।सीबीआईसी ने कहा है कि डिस्प्ले असेंबली के आयात में गलत जानकारियां देने की घटनाएं सामने आती रही हैं। इस स्थिति को दूर करने के लिए बीसीडी में बदलाव किया गया है। अपने क्षेत्रीय कार्यालयों को भेजे गए परिपत्र में सीबीआईसी ने कहा कि अगर एक मोबाइल फोन की डिसप्ले इकाई सिर्फ धातु या प्लास्टिक से बने बैक सपोर्ट फ्रेम के साथ आयात की जाती है तो उस पर 10 प्रतिशत की दर से ही कर लगेगा। हालांकि, धातु या प्लास्टिक से बने बैक सपोर्ट फ्रेम को अगर अलग से आयात किया जाता है तो सीमा-शुल्क 15 प्रतिशत की दर से लगेगा। सीबीआईसी ने यह स्पष्ट किया है कि डिस्प्ले असेंबली और उससे अन्य उपकरणों के जुड़े होने पर 10 प्रतिशत की रियायती दर पर बीसीडी का लाभ नहीं मिलेगा।ईवाई इंडिया के कर साझेदार सौरभ अग्रवाल ने कहा कि इस कदम से डिस्प्ले असेंबली के आयात को लेकर मोबाइल फोन विनिर्माताओं के सामने स्थिति अब साफ हो सकेगी। मोबाइल फोन उद्योग निकाय इंडिया सेल्युलर एंड इलेक्ट्रॉनिक्स एसोसिएशन (आईसीईए) ने कहा कि इस परिपत्र से भारतीय एवं विदेशी सभी निवेशकों के बीच सकारात्मक संदेश जाएगा। संगठन के चेयरमैन पंकज मोहिंद्रू ने कहा, ‘‘यह परिपत्र उद्योग के लिए एक बड़ी राहत है और इससे गैरजरूरी विवाद नहीं पैदा होंगे।’’

वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनAsia Cup 2022 IND vs PAK: केएल राहुल ने की पाकिस्तान के खिलाफ चुनौतियों की बात, लेकिन इतिहास में दर्ज हैं मौके ही मौके******Highlights क्रिकेट वर्ल्ड की सबसे बड़ी टक्कर के शुरू होने में अब सिर्फ एक दिन का वक्त बाकी है। भारत और पाकिस्तान 28 अगस्त को एशिया कप के अपने पहले मुकाबले में एक दूसरे से भिड़ेगी। इस महामुकाबले के शुरू होने से पहले फैंस के साथ-साथ प्लेयर्स भी खासे एक्साइटेड हैं। पाकिस्तान के खिलाफ एशिया कप में अपने मिशन की शुरुआत करने से पहले शुक्रवार को भारत के उपकप्तान केएल राहुल मीडिया के सामने मुखातिब हुए। उन्होंने बताया कि इस सुपरहिट मुकाबले से पहले टीम के तमाम खिलाड़ी पूरे जोश में हैं।लोकेश राहुल ने कहा कि आर्च राइवल्स पाकिस्तान के खिलाफ खेलना और बढ़िया प्रदर्शन करना टीम इंडिया के हर खिलाड़ी का एक ड्रीम होता है। उन्होंने कहा कि टीम का हर खिलाड़ी एशिया कप में पाकिस्तान के खिलाफ खेलने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं और जोश में हैं।राहुल ने माना कि पाकिस्तान के खिलाफ खेलना हमेशा भारतीय टीम और उसके खिलाड़ियों के लिए एक नई चुनौती और नए मौके लेकर आता है। उन्होंने आगे कहा कि आर्च राइवल्स के खिलाफ मुकाबला जब एशिया कप जैसे हाई प्रोफाइल टूर्नामेंट में होता है तब गेम की इंटेंसिटी और बढ़ जाती है।केएल राहुल की पूरी बातों का लब्बोलुबाब ये है कि फिलहाल भारतीय टीम पूरी तरह से पाकिस्तान के खिलाफ होने वाले मैच पर फोकस कर रही है। मौजूदा वक्त में टीम पूरे टूर्नामेंट के इतर सिर्फ पाकिस्तान पर जीत दर्ज करने के मकसद से मैदान में उतरने की तैयारी कर रही है।भारत और पाकिस्तान के बीच खेल के सबसे छोटे फॉर्मेट में अब तक 9 मैच खेले गए हैं। इनमें से 6 मैच में भारत को जीत मिली है और 2 में उसे हार का सामना करना पड़ा है। एक मैच टाई हुआ जिसे भारत ने बॉल आउट में जीता था।इनमें से 4 मैच टी20 वर्ल्ड कप में हुए थे जिनमें से 3 में भारत को जीत मिली। भारत ने 2007 वर्ल्ड टी20 में पाकिस्तान के खिलाफ दो मैच खेले जिसमें से पहले को उसने बॉल आउट में जीता और फाइनल में हुए दूसरे मुकाबले में वह पाकिस्तान पर दूसरी जीत दर्ज करके वर्ल्ड चैंपियन बना।2016 वर्ल्ड टी20 में भारत ने कोलकाता में पाकिस्तान को बड़े आराम से 6 विकेट से शिकस्त दी। 2016 में ही मीरपुर में हुए एशिया कप के मुकाबले में भी भारत ने पाकिस्तान को पराजित किया। हालांकि पिछले साल टी20 वर्ल्ड कप में भारत को हार मिली लेकिन इसके अलावा बड़े टूर्नामेंट में लगभग हर मैच में भारत ने पाकिस्तान को धोया ही है। यानी पाकिस्तान के खिलाफ बड़े टूर्नामेंट में भारत के लिए चुनौती कम और मौके ज्यादा होते हैं।वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनNCLT ने दिया आदेश, क्‍वालिटी के लिए हल्‍दीराम की 145 करोड़ रुपए की संशोधित पेशकश पर विचार करने को कहा******NCLT directs lenders to consider Haldiram Snacks' revised offer of Rs 145 crराष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने क्वालिटी लिमिटेड के ऋणदाताओं की समिति को उसके अधिग्रहण के लिए हल्दीराम स्नैक्स की 145 करोड़ रुपए की संशोधित पेशकश पर पुनर्विचार करने का निर्देश दिया है। एनसीएलटी की दिल्ली पीठ ने कॉरपोरेट दिवाला निपटान की अवधि को तीन सप्ताह के लिए और बढ़ाते हुए ऋणदाताओं की समिति (सीओसी) से हल्दीराम की ओर से बढ़ाई गई पेशकश पर पुनर्विचार करने को कहा है। इससे पहले क्वालिटी के ऋणदाताओं ने दिल्ली की की 142 करोड़ रुपए की अधिग्रहण पेशकश को खारिज कर दिया था। कर्ज के बोझ से दबी डेयरी कंपनी के लिए सिर्फ हल्दीराम ने बोली लगाई थी। इसके बाद हल्दीराम ने अपनी बोली को मामूली रूप से संशोधित करते हुए एनसीएलटी में अपील की थी कि उसकी नई समाधान योजना पर ऋणदाताओं को विचार करना चाहिए क्योंकि उसकी पेशकश परिसमापन मूल्य से ऊंची है।एनसीएलटी ने 2018 में वैश्विक निजी इक्विटी कंपनी केकेआर की याचिका पर क्वालिटी के खिलाफ दिवाला प्रक्रिया शुरू करने का निर्देश दिया था। बहुराष्ट्रीय परामर्शदाता कंपनी ईवाई से जुड़े शैलेंद्र अजमेरा को समाधान पेशवर नियुक्त किया गया था। इससे पहले दो नवंबर को कर्जदाताओं की समिति ने हल्दीराम स्नैक्स की 142 करोड़ रुपए की समाधान योजना को खारिज कर दिया था, क्योंकि सिर्फ 44 प्रतिशत ऋणदाताओं ने समाधान योजना के पक्ष में मत दिया था। इसके लिए जरूरत 66 प्रतिशत की थी।क्वालिटी पर कुल 1,900 करोड़ रुपए का कर्ज है। हल्दीराम स्नैक्स ने क्वालिटी लि. के अधिग्रहण के लिए अपनी 141.59 करोड़ रुपए की पेशकश में से 135.64 करोड़ रुपए वित्तीय ऋणदाताओं के लिए रखे थे। अपनी पेशकश खारिज होने के बाद हल्दीराम ने चार नवंबर को अंतरिम निपटान पेशेवर को पत्र लिखकर वित्तीय ऋणदाताओं के लिए अपनी पेशकश को बढ़ाकर 139 करोड़ रुपए करने की पेशकश की थी। इससे हल्दीराम की बोली का कुल मूल्य 144.95 करोड़ रुपए हो गया है।

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वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनUP Election 2022: मुरादनगर में इस बार किस ओर है हवा? पिछली बार BJP ने लहराया था परचम******Highlightsमुरादनगर विधानसभा सीट उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में आती है। मुरादनगर विधानसभा सीट पर पहले चरण में 10 फरवरी को मतदान होना है और मतगणना 10 मार्च को होगी। मुरादनगर की राजनीति तीन दशकों से राजपाल त्यागी परिवार के इर्द-गिर्द घूमती रही है। 2017 में मुरादनगर विधानसभा सीट पर कुल 253532 यानी 60.47 प्रतिशत मतदान हुआ था। 2017 में भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी अजीत पाल त्यागी ने बहुजन समाज पार्टी के सूधन कुमार को 89000 से ज्यादा वोटों के अंतर से हरा दिया था।मुरादनगर विधानसभा सीट को लेकर 2022 के की बात करें तो इस बार भी यहां भाजपा ने अजीत पाल त्यागी को, सपा-RLD गठबंधन ने सूरेंद्र कुमार मुन्नी और बसपा ने हाजी अयूब ईदरीसी को उम्मीदवार बनाया है।बता दें कि, गाजियाबाद में 5 विधानसभा सीटें हैं- मुरादनगर, लोनी, साहिबाबाद, मोदीनगर और गाजियाबाद आती हैं। गाजियाबाद में हिंदू वोटरों की तादाद ज्यादा है, जबकि मुरादनगर में मुस्लिम वोटर भी निर्णायक भूमिका में है।मुरादनगर विधानसभा सीट को लेकर 2017 विधानसभा चुनाव की बात करें तो भाजपा के विजयी प्रत्याशी अजीत पाल त्यागी को 140759 (55.75 प्रतिशत) वोट मिले, वहीं दूसरे नंबर पर रहे बसपा के सूधन कुमार को 51147 (20.26 प्रतिशत) वोट मिले थे। कांग्रेस के सुरेंदर प्रकाश कुल 49989 (19.80 प्रतिशत) वोट के साथ तीसरे नंबर पर रहे थे। आरएलडी के अजय पाल सिंह 6648 वोट के साथ चौथे नबर पर रहे। वहीं 1053 लोगों ने नोटा (None of the Above) का बटन दबाया था।मुरादनगर विधानसभा सीट के जातिगत समीकरण की बात करें तो यहां की करीब 70 फीसदी आबादी हिंदू है। मुस्लिम मतदाताओं की संख्या 25 फीसदी के बराबर है। दलित और मुस्लिम वोटर्स निर्णायक भूमिका में रहे हैं। ब्राह्मण, वैश्य, गुर्जर, ठाकुर, पंजाबी और यादव वोटर भी हैं। कॉटन के कपड़ों के काम और आयुध कारखाना मुरादनगर की पहचान है।वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनYeh Rishta Kya Kehlata Hai Written Update 20 September: नायरा को लेकर कार्तिक-वेदिका में हुई लड़ाई!******सीरियल '' में आज के एपिसोड में दिखाते हैं कि वेदिका नायरा और कार्तिक को साथ सोया देखकर रोने लगती है, दूसरी तरफ कार्तिक और नायरा की नींद खुलती है और दोनों एक-दूसरे को एकसाथ बिस्तर पर देखकर चौंक जाते हैं।सुबह उठकर सभी घरवाले विसर्जन की तैयारी करते हैं दूसरी तरफ वेदिका और नायरा में झगड़ा होता है। वेदिका दुख और गुस्से में नायरा से कहती है कि जब कार्तिक आपको याद करके रोते रहे तब आप आई नहीं जब उन्होंने मूव ऑन करके मुझसे शादी की तो आप लौट आईं। इसके बाद वेदिका, नायरा से हाथ जोड़कर रिक्वेस्ट करती है कि वो यहां से कायरव को लेकर चली जाए, लेकिन नायरा उसे समझाने की कोशिश करती है कि ये आसान नहीं है।वेदिका, नायरा से कहती है कि सच बात तो यही है कि आप जाना ही नहीं चाहती हैं। वेदिका जब नायरा को काफी बुरा-भला कह देती है तो नायरा बर्दाश्त नहीं कर पाती है, वो फूट फूटकर रोने लगती है, दूसरी तरफ वेदिका भी बहुत रोती है।वेदिका और नायरा नीचे आती हैं जहां सभी घरवाले गणेश जी का विसर्जन कर रहे होते हैं। कायरव एक बार फिर कार्तिक और नायरा को साथ खड़ा कर देता है। घरवाले घर पर ही इकोफ्रेंडली गणेश का विसर्जन करते हैं।नायरा घरवालों से कहती है कि वो कायरव को लेकर यहां से भाई के घर जाना चाहती है, हम जाएंगे तभी सारे रिश्ते नॉर्मल हो पाएंगे। लेकिन कार्तिक भड़क जाता है, वो कहता है कि तुम मेरे बेटे को मुझसे दूर नहीं ले जा सकती हो।कल के एपिसोड में दिखाएंगे कि वेदिका अपने पति कार्तिक से भी नायरा को लेकर लड़ेगी।वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनजस्टिन बीबर की भूल को न दोहराए, स्वामी रामदेव से जानिए कैसे मजबूत होंगी हड्डियां और मांसपेशियां******Highlightsजिंदगी भी बड़ी अजीब चीज है इंसान सोचता कुछ और है और हो कुछ और जाता है अब फेमस सिंगर जस्टिन बीबर को ही ले लीजिए। युवाओं के बीच काफी पॉपुलर जस्टिन बीबर वर्ल्ड टूर की तैयारी में थे। इंडिया में भी उनका कन्सर्ट होना था। लेकिन एक रेयर बीमारी से उनके आधे चेहरे पर पैरालिसिस हो गया है।बता दें कि ये रेयर बीमारी 'रामसे हंट सिंड्रोम'(Ramsay Hunt syndrome) है। जो वायरल अटैक की वजह से होता है। नर्वस सिस्टम में प्रॉब्लम आने से मसल्स पर कंट्रोल कम हो जाता है।वैसे ये बीमारी ज्यादातर युवाओं में होती है। लेकिन मसल्स से ही जुड़ी एक और परेशानी है जिसका पता यंग एज में चलता है। मतलब जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है हाथ,कमर के मसल्स डैमेज होने लगते हैं। करीब 9 साल की उम्र के बाद, लंग्स और हार्ट के मसल्स भी कमजोर होने लगते हैं और हार्ट फेल होने का रिस्क बढ़ जाता है।दरअसल ये एक तरह की जेनेटिक डिजीज है और करीब 3 साल की उम्र में इसके लक्षण दिखने लगते हैं। जैसे -बच्चे का उठते हुए अचानक लड़खड़ाना, बार-बार गिरना, एड़ी उठाकर चलना। जिन बच्चों को ये बीमारी होती है उनके माता-पिता का जीवन इतना दर्दनाक होता है जिसकी कल्पना से भी सिहरन होती है। इसलिए समय रहते इलाज शुरु कर दें।शरीर की हर मांसपेशियां मजबूत बने इसके लिए जरूरी है कि रोजाना योग करे। स्वामी रामदेव के अनुसार स्ट्रक्चर इनबैलेंस के कारण 100 से अधिक बीमारियां होती है। इन्हें योग और प्राणायाम के द्वारा आसानी से मांसपेशियों को मजबूत बना सकते हैं।

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वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनFeel the Heat: एक साल में 60 फीसदी महंगा हो सकता है कच्‍चा तेल, पेट्रोल-डीजल के बढ़ेंगे दाम****** यूबीएस वेल्थ मैनेजमेंट ने रिपोर्ट जारी कर यह दावा किया है कि अगले एक साल में कच्चे तेल की कीमतें 34 डॉलर से बढ़कर 55 डॉलर प्रति बैरल पहुंच जाएगी। यानी कच्‍चा तेल चालू स्तर से 60 फीसदी महंगा हो जाएगा। अगर यूबीएस की बात सही साबित होती है तो बाजार से लिंक पेट्रोल–डीजल की कीमतों का बढ़ना तय मानिए।रिपोर्ट में कहा गया कि कच्‍चा तेल की कीमत में अगले 12 माह में सुधार होगा और इसके दाम मौजूदा के 34 डॉलर प्रति बैरल के 11 साल के निचले स्तर से उबरकर 55 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच जाएंगे। यूबीएस के मुताबिक 2016 की दूसरी छमाही में कच्‍चा तेल की कीमतों में उल्लेखनीय सुधार होगा। हालांकि छोटी अवधि में गिरावट जारी रहने की संभावना है।Crude oilयूबीएस वेल्थ मैनेजमेंट के मुख्य निवेश कार्यालय (सीआईओ) की रिसर्च रिपोर्ट के अनुसार छोटी अवधि में कच्चे तेल की कीमतों में कमजोरी जारी रहेगी। अभी बाजार में निचले स्तर से उबरना नहीं दिखाई दिया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि 2016 की पहली छमाही में तेल बाजार में अत्यधिक आपूर्ति की स्थिति कायम रहेगी। कच्चे तेल के बाजार में संतुलन के लिए जरूरी है कि मौजूदा अत्यधिक सप्लाई के मद्देनजर आपूर्ति अंकुश लगाए जाएं। बाजार भागीदारों को आशंका है कि ईरानी तेल के निर्यात पर अंकुश हटने से लघु अवधि में कच्चे तेल की सप्लाई और बढ़ सकती है।वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनकेंद्रीय मंत्रियों का समूह करेगा जम्मू-कश्मीर का दौरा, जनता को बताए जाएंगे 370 हटने के लाभ****** जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटने के बाद क्या फायदा हुआ है औरकैसे हालात हैं, इसका जायजा लेने के लिए केंद्रीय मंत्रियों का समूह इसी महीने वहां का दौरा करेगा, सरकारी सूत्रों से यह जानकारी मिली है। सूत्रों के मुताबिक मंत्रियों का समूह जम्मू-कश्मीर की जनता को 370 हटने के बाद हुए सकारात्मक बदलावों के बारे में भी जागरूक करेगा। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद केंद्र सरकार द्वारा वहां के हित के लिए क्या कदम उठाए गए हैं इसकी जानकारी भी वहां की जनता को मंत्रियों के समूह के द्वारा दी जाएगी।सूत्रों के मुताबिक 17 जनवरी को केंद्रीय मंत्री परिषद की बैठक होगी जिसमें जम्मू-कश्मीर में मंत्रियों के समूह के दौरे के शेड्यूल को अंतिम रूप दिया जाएगा।केंद्र सरकार ने 5 अगस्त को जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटा दी थी और साथ में जम्मू-कश्मीर तथा लद्दाख को अलग-अलग केंद्र शासित प्रदेश भी घोषित कर दिया था। अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद शुरुआत में एहतिआत के तौर पर सरकार ने जम्मू-कश्मीर में कुछेक पाबंदियां लगाई थी और कुछ स्थानीय नेताओं को हिरासत में भी लिया था। लेकिन अब अधिकतर पाबंदियां खत्म की जा चुकी हैं और ज्यादातर नेता भी रिहा कर दिए गए हैं। अनुच्छेद 370 हटाने के बाद केंद्र सरकार ने जम्मू-कश्मीर में कई नई योजनाओं की शुरुआत की है और साथ में स्थानीय लोगों के लिए भारी संख्या में नौकरियां भी निकाली हैं।

वास्तु टिप्स: कैसे करें शंख की स्थापना? घर में रखने से पहले ये बातें रखें ध्यान वरना होगा अपशगुन

वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनIMDB top 10 films of 2022: ये हैं टॉप 10 फिल्में और वेब सीरीज, 'द कश्मीर फाइल्स' के साथ यह सीरीज भी शामिल******Highlightsइंटरनेट मूवी डेटाबेस यानी आईएमडीबी (IMDB) ने बीते आधे साल को लेकर टॉप 10 फिल्में और वेब सीरीज की लिस्ट शेयर करके लोगों को हैरान कर दिया है। क्योंकि इस लिस्ट में विवेक अग्निहोत्री की 'द कश्मीर फाइल्स' ने बाजी मारी है। यह सबसे लोकप्रिय फिल्म बनकर उभरी है। दरअसल, IMDB ने एमएक्स प्लेयर के साथ 2022 के शुरुआती 6 महीनों में सबसे लोकप्रिय भारतीय फिल्मों और वेब सीरीज की टॉप 10 लिस्ट जारी की है। वेब सीरीज 'कैंपस डायरीज' ने भी अपनी कैटेगरी में टॉप किया है।फिल्मों की लिस्ट में 'द कश्मीर फाइल्स' इस साल में आश्चर्यजनक रूप से पसंद की गई फिल्म बनी है। इसके बाद साउथ सिनेमा से यश-स्टारर 'केजीएफ: चैप्टर 2' और एसएस राजामौली की 'आरआरआर', दूसरे और तीसरे नंबर पर हैं।वहीं आलिया भट्ट की 'गंगूबाई काठियावाड़ी' और तमिल एक्शन थ्रिलर 'विक्रम' दोनों को एक साथ चौथे स्थान पर जगह मिली है। 'गंगूबाई काठियावाड़ी' में आलिया लीड किरदार और अजय देवगन ने केमियो किया है। वहीं 'विक्रम' में कमल हासन, विजय सेतुपति और फहद फासिल ने दमदार एक्टिंग से दिल जीता है।इस लिस्ट में अन्य फिल्में अमिताभ बच्चन स्टारर 'झुंड', यशराज बैनर की अक्षय कुमार स्टारर फिल्म 'सम्राट पृथ्वीराज', अजय देवगन के निर्देशन में बनी फिल्म 'रनवे 34', डिज्नी प्लस हॉटस्टार की फिल्म 'ए थर्सडे' शामिल हैं, इस फिल्म में यामी गौतम और नेहा धूपिया लीड किरदारों में हैं।वेब सीरीज की बात की जाए तो 'कैंपस डायरीज' ने बाजी मारी है। इसके बाद तिग्मांशु धूलिया की 'द ग्रेट इंडियन मर्डर' है। यह फिल्म विकास स्वरूप के मोस्ट सेलर नॉवेल 'सिक्स सस्पेक्ट्स' पर आधारित है। भारत के अंतरिक्ष वैज्ञानिक होमी जे. भाभा और विक्रम साराभाई की कहानी पर आधारित सीरीज 'रॉकेट बॉयज' को लिस्ट में नंबर 3 पर जगह मिली है।इसके अलावा जितेंद्र कुमार, नीना गुप्ता और रघुवीर यादव की सीरीज 'पंचायत 2', 'ह्यूमन', 'ये काली काली आंखें', 'अपहरण', 'एस्केप लाइव', 'माई' और 'द फेम गेम' को भी लिस्ट में जगह मिली है।बॉक्स-ऑफिस कलेक्शन और प्रोफेशनल एनालिस्ट की समीक्षाओं के के साथ अपनी रैंकिंग के आधार पर IMDB ने यह नतीजे निकाले हैं। आपको बता दें कि भारत में IMDB यूजर्स के पेज व्यूज पर इंटरनेट मूवी डेटाबेसप्रो डेटा पर बेस्ड होता है।

वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनParliament Monsoon Session: सोनिया गांधी पर हुई टिप्पणी राज्यसभा कार्यवाही से हटाई गई, खड़गे ने की थी मांग******Highlightsराज्यसभा में सोमवार को नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने मांग की कि केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल एवं निर्मला सीतारमण की ओर से कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के बारे में 28 जुलाई को की गई टिप्पणी को सदन की कार्यवाही से निकाला जाना चाहिए और इन दोनों मंत्रियों को इसके लिए माफी मांगनी चाहिए। इसके बाद में निर्मला सीतारमण के उस भाषण के कुछ अंशों को राज्यसभा की कार्यवाही से निकाल दिया गया।राज्यसभा सचिवालय की ओर से उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार, सभापति एम वेंकैया नायडू के आदेश पर 28 जुलाई को वित्त मंत्री सीतारमण के राज्यसभा में दिए गए भाषण के कुछ अंशों को कार्यवाही से निकाल दिया गया है। इससे पहले नेता प्रतिपक्ष ने आज राज्यसभा में यह प्रसंग उठाते हुए कहा कि वह 'प्रक्रियागत अनियिमतता' से जुड़े एक गंभीर मामले को उठाना चाहते हैं।उन्होंने कहा कि उन्होंने 29 जुलाई को राज्यसभा के सभापति को एक पत्र भेजा था। उन्होंने कहा कि इस पत्र में केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमण एवं पीयूष गोयल ने 28 जुलाई को कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी का जो जिक्र किया था, उसका सदंर्भ दिया गया है। खड़गे ने कहा, "वह (सोनिया गांधी) अन्य सदन की सदस्य हैं और उनके नाम का जिक्र किया जाना काफी समय से चली आ रही संसदीय परिपाटी का घोर उल्लंघन है। मैंने उपरोक्त जिक्र में श्रीमती निर्मला सीतारमण और श्री गोयल की ओर से प्रयुक्त किए गए उन शब्दों को निकालने और दोनों से माफी की मांग की है।"इस पर पीठासीन उपाध्यक्ष भुवनेश्वर कालिता ने कहा कि यह एक ऐसा मुद्दा है, जिस पर सभापति निर्णय करेंगे। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि वह जानना चाहते हैं कि सभापति निर्णय करने में कितना समय लगाएंगे, क्योंकि उन्होंने 29 जुलाई को ही पत्र दिया था। उन्होंने कहा कि यह सदन की पुरानी परिपाटी से जुड़ा एक अहम मामला है।पीठासीन उपाध्यक्ष कालिता ने उनसे कहा कि यह काम सभापति पर छोड़ दिया जाना चाहिए, क्योंकि यह उनके समक्ष विचाराधीन है। इस मुद्दे पर सदन के नेता पीयूष गोयल ने कहा कि यह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है कि नेता प्रतिपक्ष आसन पर आक्षेप लगा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आसन निष्पक्ष हैं और यह आरोप लगाना गलत है कि सदन में व्यवस्था नहीं होने के बावजूद विधेयक को पारित करवाया गया।गोयल ने कहा कि सत्ता पक्ष के सदस्य शांत बैठे हैं और विपक्ष के कुछ सदस्य सदन में व्यवस्था नहीं बनने दे रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि विपक्ष के सदस्य यह सब महंगाई के मुद्दे पर चर्चा से बचने के लिए कर रहे हैं और वे इस चर्चा से भागना चाहते हैं। सदन के नेता ने दावा किया कि विपक्षी सदस्य इस बात को अच्छी तरह जानते हैं कि सरकार ने महंगाई को रोकने के लिए बहुत प्रभावी एवं ठोस कदम उठाए हैं।इससे पहले खड़गे ने सदन में विभिन्न मुद्दों पर विपक्षी सदस्यों के विरोध की ओर इशारा करते हुए पीठासीन उपाध्यक्ष से कहा था कि इस तरफ (विपक्ष) के सदस्यों की बात नहीं सुनी जा रही, जबकि उस तरफ (सत्ता पक्ष) के सदस्यों की बात सुनी जा रही है। उनका संकेत इस बात की ओर था कि सदन में विपक्षी सदस्यों के हंगामे के बीच दो विधेयकों पर चर्चा करवाईगई। सदन में आज हंगामे के बीच कुछ विपक्षी सदस्यों ने जब व्यवस्था का प्रश्न उठाना चाहा, तो पीठासीन अध्यक्ष ने उनसे कहा कि जब सदन में व्यवस्था ही नहीं है, तो वे व्यवस्था का प्रश्न कैसे उठा सकते हैं। कालिता ने कहा कि नियमों के अनुसार, आसन के समक्ष आए सदस्य अपने नियत स्थानों पर जाकर ही इस तरह का प्रश्न उठा सकते हैं।वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनमोटो E4 प्‍लस ने बनाया बिक्री का नया रिकॉर्ड, मात्र 24 घंटे में बिक गए 1 लाख स्‍मार्टफोन****** इसी सप्‍ताह लॉन्‍च हुए मोटोरोला के नए स्‍मार्टफोन मोटो E4 प्‍लस ने बिक्री का नया रिकॉर्ड बना दिया है। 9999 रुपए में उतारे गए फोन की बिक्री फ्लिपकार्ट पर बुधवार रात से शुरू हुई थी। वहीं मात्र 24 घंटों में कंपनी ने 1 लाख से अधिक स्‍मार्टफोन बेच दिए। फ्लिपकार्ट का दावा है कि फोन की सेल शुरू होने के पहले 60 मिनट के दौरान हर मिनट 580 मोटो E4 प्‍लस की बिक्री हुई। वहीं करीब 1.5 लाख लोगों ने इस दौरान इसके पेज को विजिट किया।फ्लिपकार्ट ने मोटो E4प्‍लस के बारे में एक और खुलासा करते हुए कहा कि इस फोन को सबसे ज्‍यादा शहरों में खरीदा गया। मोटो E4 प्लस की कुल बिक्री में उत्तर प्रदेश और बिहार की हिस्‍सेदारी 12 प्रतिशत से ज्‍यादा रही। फोन की खासियतों की बात करें तो इसमें 5000 एमएएच की दमदार बैटरी दी गई है, जोकि स्‍मार्टफोन के बार बार डिस्‍चार्ज होने की समस्‍या को खत्‍म करेगा।फोन के स्‍पेसिफिकेशंस पर गौर करें तो इसमें 5.5 इंच का एचडी रिज़ॉल्यूशन डिस्प्ले दिया गया ह। इसका स्‍क्रीन रिजोल्‍यूशन 720×1280 पिक्सल का है। कैमरे की बात करें तो इसमें मोटो E4 प्लस में 13 मेगापिक्सल का रियर कैमरा दिया गया है। इसके अलावा इसमें सेल्‍फी और वीडियो कॉलिंग के लिए 5 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा दिया गया है। यह फोन 3 जीबी रैम से लैस है। वहीं इसकी इंटरनल मैमोरी 32 जीबी की है। यूजर के पास फोन की स्टोरेज को माइक्रोएसडी कार्ड के जरिए 128 जीबी तक बढ़ाने का विकल्‍प भी दिया गया है।

वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनअमेजन के करीब 20,000 कर्मचारी कोरोना वायरस से संक्रमित******Amazon nearly 20000 workers infected with Coronavirusअमेजन ने कहा है कि अमेरिका में अग्रिम पंक्ति में कार्य कर रहे उसके करीब 20,000 कर्मी कोरोना वायरस से संक्रमित हैं या उनके संक्रमित होने की आशंका है। ऑनलाइन रिटेल कंपनी अमेजन ने पहली बार संक्रमितों की संख्या बताते हुए कहा कि उसके कर्मियों में संक्रमण की दर सामान्य तौर पर अमेरिकी जनसंख्या की तुलना में कम है। अमेजन के कर्मी और श्रम समूह कंपनी पर दबाव बना रहे थे कि वह कोविड-19 से संक्रमित लोगों की संख्या उजागर करे।अमेजन ने एक कॉरपोरेट ब्लॉग में बताया कि उसने अपने कर्मियों को जानकारी देने के अपने प्रयासों के तहत यह संख्या उजागर की है। कंपनी ने कहा, ‘‘हम उम्मीद करते हैं कि अन्य बड़ी कंपनियां संक्रमितों की संख्या के बारे में विस्तृत जानकारी जारी करेंगी, क्योंकि ऐसा करने से हम सभी की मदद होगी।’’उसने कहा, ‘‘यह ऐसा क्षेत्र है जहां कंपनियों को प्रतिद्वंद्विता करने की नहीं, बल्कि एक दूसरे की मदद करने की आवश्यकता है। कंपनी ने बताया कि उसने अमेरिका में ‘अमेज़न और होल फूड्स मार्केट’ में 13 लाख 70 हजार कर्मियों को लेकर एक मार्च से 19 सितंबर तक के आंकड़े के आकलन के बाद यह संख्या जारी की।ई-कॉमर्स कंपनी अमेजन इंडिया ने बुधवार को कहा कि त्योहारी मौसम से पहले उसने अपने परिचालन नेटवर्क में एक लाख से अधिक अस्थाई रोजगार के अवसर पैदा किए हैं। अमेजन और फ्लिपकार्ट जैसी ई-कॉमर्स कंपनियां त्यौहारों के दौरान बिक्री में होने वाली बढ़ोतरी को संभालने के लिए अस्थायी आपूर्ति और अन्य सहायक भूमिकाओं के लिए हजारों लोगों को नियुक्त करती हैं। अमेजन इंडिया ने इस साल मई में अपने परिचालन नेटवर्क और ग्राहक सेवा केंद्रों में रोजगार के लगभग 70,000 अस्थाई अवसरों का सृजन किया था। कंपनी ने एक बयान में कहा कि उसने अपने साझेदार नेटवर्क के जरिए लाखों अप्रत्यक्ष रोजगार के मौके भी तैयार किये हैं।अमेरिका की ई-वाणिज्य कंपनी अमेजन ने अपनी भारतीय इकाई अमेजन सेलर सर्विसेज में 1,125 करोड़ रुपये की नई पूंजी डाली है। नई पूंजी से कंपनी आगामी त्योहारों के दौरान वालमार्ट की अगुवाई वाली फ्लिपकार्ट और दिग्गज उद्योगपति मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज की जियो मार्ट को कड़ी टक्कर दे सकेगी। कंपनियों के बारे में जानकारी देने वाला मंच टोफलर ने नियामकीय दस्तावेज के आधार पर दी सूचना में कहा कि सिंगापुर स्थित अमेजन कॉरपोरेट होल्डिंग्स प्राइवेट लि.और अमेजन डॉट कॉम इंक लि., मारीशस ने 1,125 करोड़ रुपये की पूंजी अममेजन सेलर सर्विसेज में डाली है।अमेजन सेलर सर्विसेज ने इन इकाइयों को उक्त पूंजी को लेकर इक्विटी शेयर आबंटित किये हैं। अमेजन ने इस बारे में पूछे गये सवालों का जवाब नहीं दिया। अमेजन ने इस साल जून में अमेजन सेलर सर्विसेज में 2,310 करोड़ रुपये की नई पूंजी डाली थी। इस साल जनवरी में अमेजन के संस्थापक जेफ बेजोस ने लघु एवं मझोले उद्यमों को ‘ऑनलाइन’ जोड़े में मदद के लिये भारत में एक अरब डॉलर के निवेश (7,000 करोड़ रुपये से अधिक) की घोषणा की थी।इससे पहले, अमेजन की प्रतिद्वंद्वी फ्लिपकार्ट ने मूल कंपनी वालमार्ट की अगुवाई में 1.2 अरब डॉलर का कोष जुटाने की घोषणा की थी। उधर, रिलायंस इंडस्ट्रीज भी त्योहारों से पहले अपने परिचालन को मजबूत बनाने में लगी है। कंपनी ने फ्यूचर समूह के खुदरा, थोक, लॉजिस्टिक और गोदामों को 24,713 करोड़ रुपये में खरीदने की पिछले महीने घोषणा की।वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनIBPS SO main results 2020: नतीजे हुए घोषित, इन स्टेप्स से करें चेक******इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सनेल सेलेक्शन (IBPS) ने गुरुवार को अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर विशेषज्ञ अधिकारियों की मुख्य परीक्षा के परिणाम घोषित किए। उम्मीदवार जो IBPS SO मुख्य परीक्षा में उपस्थित हुए हैं, वे 10 फरवरी, 2021 को या उससे पहले ibps.in पर अपना परिणाम ऑनलाइन देख और डाउनलोड कर सकते हैं। संस्थान ने 24 जनवरी 2021 को SO मुख्य परीक्षा आयोजित की थी।

वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनप्रतिबंध समाप्त होने के बाद पाकिस्तान की कप्तानी करने की उम्मीद: सरफराज******कराची। निलंबित पाकिस्तानी कप्तान सरफराज अहमद ने रविवार को कहा कि उन्हें उम्मीद है कि जब उनका निलंबन खत्म हो जायेगा तो वह टीम की कप्तानी कर पायेंगे। सरफराज पर दक्षिण अफ्रीका के खिलाड़ी एंडिले फेलुकवायो के खिलाफ डरबन में 22 जनवरी को दूसरे वनडे के दौरान नस्लीय टिप्पणी करने के लिये अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने चार मैचों का निलंबन लगाया था।सरफराज ने पत्रकारों से कहा, ‘‘पीसीबी (पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड) ही कप्तानी के बारे में फैसला करेगा। लेकिन मैं इसकी उम्मीद लगाये हूं और अपनी गलतियों से सीख लेने को तैयार हूं।’’बता दें कि पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) के अध्यक्ष एहसान मनी ने कप्तान सरफराज अहमद पर लगे चार मैचों के प्रतिबंध की आलोचना की थी। उन्होंने आलोचना करते हुए इसके लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) की नौकरशाही प्रणाली को जिम्मेदार ठहराया था।वास्तुटिप्सकैसेकरेंशंखकीस्थापनाघरमेंरखनेसेपहलेयेबातेंरखेंध्यानवरनाहोगाअपशगुनजम्मू-कश्मीर में जमात-ए-इस्लामी पर बड़ी कार्रवाई, हजार से ज्यादा धार्मिक संस्थान सील****** में कट्टरपंथी संगठन जमात-ए-इस्लामी के खिलाफ सरकार ने बड़ा ऐक्शन लिया है। सरकार ने जमात-ए-इस्लामी पर कार्रवाई करते हुए उसके 70 खाते सील कर दिए हैं। इसके साथ ही जमात-ए-इस्लामी के 52 करोड़ कैश भी फ्रीज कर दिया गया है। इस कार्रवाई में हजार से ज्यादा धार्मिक संस्थान भी सील कर दिए गए हैं और जमात-ए-इस्लामी के 200 मेंबर हिरासत में ले लिए गए हैं।बता दें कि सरकार ने शुक्रवार को इंस्पेक्टर जनरल और जिला मैजिस्ट्रेटों को जमात-ए-इस्लामी के कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेने की इजाजत दे दी थी। 350 से ज्यादा सदस्यों को शुक्रवार को गिरफ्तार किया गया था। संगठन घाटी में 400 स्कूल, 350 मस्जिदें और 1000 सेमिनरी चलाता है। सरकारी अधिकारियों का कहना है कि संगठन के पास ₹4,500 करोड़ की संपत्ति होने की संभावना है जिसकी जांच के बाद यह पता चलेगा कि यह वैध है या अवैध।गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने जम्‍मू कश्‍मीर के अलगाववादी संगठन जमात-ए-इस्‍लामी पर प्रतिबंध लगा दिया है। केंद्र सरकार ने जमात-ए-इस्‍लामी पर 5 साल के प्रतिबंध की घोषणा की है। मंत्रालय ने अपनी अधिसूचना में यह कहा है कि जमात-ए-इस्लामी ऐसी गतिविधियों में शामिल रहा है जो कि आंतरिक सुरक्षा और लोक व्यवस्था के लिए खतरा हैं। ऐसे में केंद्र सरकार इसे एक कानून विरूद्ध संगठन घोषित करती है।जमात-ए-इस्लामी संगठन हिज्बुल मुजाहिदीन के आतंकवादियों को कश्मीर घाटी में बड़े स्तर पर फंडिंग करता था। ऐसी तमाम जानकारियों के बाद गृह मंत्रालय ने कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी की बैठक के बाद जमात-ए-इस्लामी पर प्रतिबंध लगा दिया।जमात-ए-इस्लामी कश्मीर घाटी में अलगावादियों और कट्टरपंथियों के प्रचार-प्रसार के लिए जिम्मेदार मुख्य संगठन है और वह हिजबुल मुजाहिदीन को रंगरूटों की भर्ती, उसके लिए धन की व्यवस्था, आश्रय और साजो-सामान के संबंध में सभी प्रकार का सहयोग देता आ रहा है।अधिकारियों के मुताबिक खास तौर पर दक्षिण कश्मीर क्षेत्र में जमात-ए-इस्लामी जम्मू-कश्मीर के बड़ी संख्या में कार्यकर्ता हैं और हिजबुल मुजाहिदीन पाकिस्तान के सहयोग से प्रशिक्षण देने के साथ ही हथियारों की आपूर्ति कर रहा है। जमात-ए-इस्लामी पर कश्मीर घाटी में आतंकवादी गतिविधियों की सक्रिय अगुआई करने का आरोप है।

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